फर्रुखाबाद, 24 अक्टूबर। जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने दीपावली के मद्देनजर आतिशबाजी के थोक एवं फुटकर विक्रेताओं और निर्माताओं के साथ बैठक कर अग्निशमन और विद्युत सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सुरक्षा नियमों की अनदेखी करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि आतिशबाजी की अस्थायी दुकानों के प्रत्येक समूह में अधिकतम 50 दुकानें हों और प्रत्येक समूह के लिए कम से कम दो अग्निशमन वाहन उपलब्ध रहें। दुकानों का निर्धारण उपलब्ध अग्निशमन संसाधनों के आधार पर ही किया जाए। भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों, विद्यालयों, रेलवे लाइनों, उच्च क्षमता वाली विद्युत लाइनों और कारखानों से निर्धारित सुरक्षित दूरी का पालन अनिवार्य होगा।

उन्होंने दुकानों में सुरक्षित विद्युत तारों, उचित वायरिंग और अग्निशमन यंत्रों की व्यवस्था करने के निर्देश दिए। अस्थायी दुकानों को संचालित करने से पहले विद्युत सुरक्षा निरीक्षण और आवश्यक प्रमाणपत्र प्राप्त करना होगा। दुकानों के सामने अतिक्रमण, ज्वलनशील पदार्थों का भंडारण और असुरक्षित तरीके से आतिशबाजी रखने पर रोक रहेगी।

जिलाधिकारी ने वैध अनुज्ञापत्र के बिना आतिशबाजी की बिक्री और निर्धारित स्थल से अलग भंडारण करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए। प्रतिबंधित आतिशबाजी की बिक्री रोकने, पर्यावरण अनुकूल पटाखों को प्रोत्साहित करने तथा ध्वनि और समय संबंधी नियमों का पालन कराने पर भी जोर दिया।

उन्होंने अग्निशमन विभाग, विद्युत सुरक्षा विभाग, पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीमों से दुकानों का निरीक्षण कराने के निर्देश दिए। कहा कि दीपावली पर जनसुरक्षा सर्वोपरि है और सभी विभाग आपसी समन्वय से दुर्घटनारहित त्योहार सुनिश्चित करें।

बैठक में अपर जिलाधिकारी न्यायिक दिनेश कुमार, नगर मजिस्ट्रेट पारुल तरार, उप जिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी, मुख्य अग्निशमन अधिकारी सुभाष कुमार, नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी विनोद कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।