उत्तर प्रदेश के पीलीभीत में नौगवां चौराहे पर रोडवेज बस के परिचालक और एक महिला सब-इंस्पेक्टर (SI) के बीच विवाद का मामला सामने आया है। बस में सवारियां बैठाने और बस आगे बढ़ाने को लेकर दोनों के बीच कहासुनी हो गई। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और बस में हंगामे की स्थिति बन गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहा है।

बस परिचालक अरुण कुमार के मुताबिक, वह बरेली जाने वाली बस में यात्रियों को बैठा रहे थे। इसी दौरान पुलिस लाइंस में तैनात महिला SI बस में सवार हुईं और जल्द बस चलाने को कहा। परिचालक का कहना है कि सवारियां बैठाने के बाद बस आगे बढ़ाने की बात कहने पर विवाद शुरू हो गया।

परिचालक ने आरोप लगाया कि बरेली के नवाबगंज पहुंचने पर बस रुकवाई गई और उसे पुलिस चौकी ले जाया गया। उसका दावा है कि चौकी में उसके साथ मारपीट की गई और जबरन हस्ताक्षर कराकर यह लिखवाया गया कि वह मामले में कोई कार्रवाई नहीं चाहता। परिचालक ने घटना की जानकारी रोडवेज कर्मचारी संगठन को भी दी है।

मामले के सामने आने के बाद पुलिसकर्मियों के व्यवहार और घटना की निष्पक्ष जांच की मांग उठ रही है। रोडवेज के एआरएम विपुल पाराशरी ने बताया कि उन्हें घटना और वायरल वीडियो की जानकारी मिली है तथा कर्मचारी संगठन की ओर से कार्रवाई की मांग किए जाने की सूचना भी मिली है। उन्होंने उच्चाधिकारियों से वार्ता करने की बात कही। फिलहाल, परिचालक के लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।