फर्रुखाबाद। शहर के अंबेडकर नगर नरकसा मोहल्ले में रविवार देर रात लकड़ी के एक गोदाम में आग लगने से लाखों रुपये का सामान जलकर राख हो गया। आग की चपेट में आकर 18 दरवाजे, सात चौखट, 15 खिड़कियां और लकड़ी चीरने की मशीनें जल गईं। गोदाम मालिक जहीर अहमद ने करीब पांच लाख रुपये के नुकसान का अनुमान जताया है। उन्होंने कुछ लोगों पर जानबूझकर आग लगाने का आरोप लगाते हुए कादरीगेट थाने में शिकायत दी है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल आग लगने का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है।

जहीर अहमद के मुताबिक, रविवार देर रात करीब ढाई से तीन बजे के बीच गोदाम में आग लगी। आग की सूचना मिलने पर उनका बड़ा बेटा जमाल मौके पर पहुंचा तो गोदाम आग की लपटों से घिरा हुआ था। आग तेजी से फैल रही थी और अंदर रखा लकड़ी का सामान इसकी चपेट में आ चुका था। इसके बाद जमाल ने मोहल्ले के लोगों के साथ मिलकर आग बुझाने का प्रयास किया। लोगों ने करीब एक से डेढ़ घंटे तक मशक्कत की, लेकिन गोदाम में रखे सामान को बचाया नहीं जा सका।

आग से गोदाम में रखे तैयार दरवाजे, चौखट, खिड़कियां और लकड़ी चीरने की मशीनें जलकर नष्ट हो गईं। व्यापारी के अनुसार, गोदाम में ग्राहकों के ऑर्डर पर तैयार किया गया सामान रखा था। इसमें छह पल्लों के ऑर्डर का माल और रेडीमेड बोर्ड से बने दरवाजे भी शामिल थे। आग से तैयार माल नष्ट होने के कारण उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। जहीर अहमद ने करीब पांच लाख रुपये की क्षति होने का अनुमान लगाया है।

गोदाम मालिक का कहना है कि वहां बिजली का कनेक्शन चालू नहीं था। इसी आधार पर उन्होंने शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका से इनकार किया है और घटना के पीछे साजिश होने का संदेह जताया है। उन्होंने कुछ लोगों पर जानबूझकर आग लगाने का आरोप लगाते हुए पुलिस से मामले की जांच कर कार्रवाई करने की मांग की है। हालांकि, व्यापारी के आरोपों की अभी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और आग लगने की वास्तविक वजह भी सामने नहीं आई है।

घटना की सूचना मिलने पर कादरीगेट पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू की। थानाध्यक्ष कपिल सिंह ने बताया कि आग लगने का कारण अभी स्पष्ट नहीं है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही आग लगने की वजह के बारे में स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

वहीं, एडवोकेट शिवेन्द्र मोहन मिश्रा ने आग से नुकसान उठाने वाले व्यापारी को राहत कोष से आर्थिक सहायता दिलाने की मांग की है। गोदाम में तैयार माल और मशीनों के जलने से व्यापारी को हुए नुकसान के मद्देनजर आर्थिक मदद की मांग उठाई गई है। फिलहाल पुलिस की जांच के साथ आग लगने के कारणों और व्यापारी की ओर से लगाए गए आरोपों को लेकर आगे की कार्रवाई का इंतजार है।