मेडिकल डिवाइस पार्क, कमर्शियल प्लॉट और जेवर एयरपोर्ट पर फूड कोर्ट-वाइन शॉप के नाम पर वसूली की शिकायत; पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
नोएडा। नोएडा में एक डॉक्टर और उनकी पत्नी पर करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी करने का गंभीर आरोप लगा है। पीड़ित मनोज कुमार की शिकायत के मुताबिक, डॉक्टर दंपती ने नोएडा और यमुना प्राधिकरण में कमर्शियल तथा ग्रुप हाउसिंग प्लॉट दिलाने के नाम पर करोड़ों रुपये लिए। इसके अलावा जेवर एयरपोर्ट के टर्मिनल पर फूड कोर्ट और वाइन शॉप दिलाने का झांसा देकर भी रकम वसूली गई। मामले में थाना एक्सप्रेसवे पुलिस ने डॉक्टर नितेंद्र सिंह और उनकी पत्नी राबिन गौर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
शिकायतकर्ता मनोज कुमार निवासी रोहिल्लापुर, सेक्टर-132 ने पुलिस को बताया कि उनकी मुलाकात डॉक्टर नितेंद्र सिंह से वाजिदपुर गांव में हुई थी। डॉक्टर ने जेएस हॉस्पिटल किराये पर लेकर संचालन शुरू किया था। इसी दौरान उन्होंने शासन और नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों से करीबी संबंध होने का दावा करते हुए विभिन्न योजनाओं में प्लॉट आवंटित कराने का भरोसा दिलाया। उनकी पत्नी भी इसी तरह के आश्वासन देती थीं।
पीड़ित के अनुसार, 11 दिसंबर 2022 को मेडिकल डिवाइस पार्क में प्लॉट दिलाने के नाम पर 6 लाख रुपये लिए गए। जनवरी से जुलाई 2023 के बीच सेक्टर-61 स्थित 550 वर्ग मीटर के कमर्शियल प्लॉट का निरस्त आवंटन दोबारा कराने के नाम पर 2.80 करोड़ रुपये लिए गए। अगस्त 2023 से अक्टूबर 2024 के बीच किसान कोटे के तहत अतिरिक्त 5 प्रतिशत प्लॉट दिलाने के नाम पर 5.70 करोड़ रुपये वसूले गए।
इसी तरह 2140 वर्ग मीटर का कमर्शियल प्लॉट दिलाने के नाम पर 4.50 करोड़ रुपये और यमुना प्राधिकरण में ग्रुप हाउसिंग प्लॉट आवंटित कराने के नाम पर 5.70 करोड़ रुपये लेने का आरोप है। शिकायत में मार्च 2023 से जुलाई 2026 के बीच जेवर एयरपोर्ट के टर्मिनल पर फूड कोर्ट और वाइन शॉप दिलाने के नाम पर 5.30 करोड़ रुपये लेने की बात भी कही गई है।
मनोज कुमार का आरोप है कि करोड़ों रुपये लेने के बावजूद उन्हें न तो कोई प्लॉट मिला और न ही वादा की गई अन्य संपत्ति। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उनकी रकम से बुलंदशहर में वर्ल्ड हॉस्पिटल बनवाया गया और सेक्टर-128 स्थित किंग्सवुड विला में दो विला खरीदे गए।
शिकायतकर्ता ने जमीन के लेनदेन में भी धोखाधड़ी का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि अक्टूबर-नवंबर 2023 में उनकी 600 वर्ग गज जमीन अपने नाम रजिस्ट्री करा ली गई और बाद में उसे पप्पू उर्फ लवकेश नाम के व्यक्ति को बेच दिया गया। इस जमीन को बचाने के नाम पर भी 8 करोड़ रुपये की ठगी किए जाने का आरोप लगाया गया है।
पीड़ित के मुताबिक, रकम वापस मांगने पर डॉक्टर ने 26 नवंबर 2025 को लिखित रूप से 21.78 करोड़ रुपये लौटाने की बात कही थी। मनोज कुमार का दावा है कि फोन पर बातचीत के दौरान डॉक्टर ने 31 करोड़ रुपये लेने की बात भी स्वीकार की थी। उनके पास इस बातचीत की रिकॉर्डिंग होने का भी दावा किया गया है।
शिकायतकर्ता ने डॉक्टर दंपती पर जान से मारने की धमकी देने का आरोप भी लगाया है। उनका कहना है कि पिछले कुछ दिनों से संदिग्ध लोग उनके घर के आसपास घूम रहे हैं और परिवार को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी जा रही है।
फिलहाल थाना एक्सप्रेसवे पुलिस ने शिकायत के आधार पर डॉक्टर नितेंद्र सिंह और उनकी पत्नी राबिन गौर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पीड़ित ने पुलिस से कथित ठगी की रकम वापस दिलाने और परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है। मामले में आरोपों की जांच और साक्ष्यों का सत्यापन किया जाना बाकी है।


