गोरखपुर: उत्तर प्रदेश में राजनीतिक गतिविधियों के बीच BJP 4 नवंबर को गोरखपुर (Gorakhpur) में तीन दिवसीय शांति पदयात्रा के तहत विशेष आयोजन करेगी। ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ नाम से चलाए जा रहे इस अभियान में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन (Nitin Navin) नेतृत्व करेंगे, जबकि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी शामिल होंगे। भाजपा ने गोरखपुर क्षेत्र से करीब 40 हजार कार्यकर्ताओं और आम लोगों को इस पदयात्रा से जोड़ने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने रविवार को एनेक्सी भवन में पत्रकारों से बातचीत के दौरान बताया कि पार्टी कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों की ओर से संवैधानिक संस्थाओं पर उठाए जा रहे सवालों के जवाब में यह अभियान चला रही है। उनका आरोप है कि विपक्षी दल इन संस्थाओं की छवि खराब करने और लोगों के बीच भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। पंकज चौधरी ने कहा कि लोकतंत्र का महत्व सिर्फ चुनावी जीत तक सीमित नहीं है। संविधान और उससे जुड़ी संस्थाओं की प्रतिष्ठा बनाए रखना भी लोकतांत्रिक व्यवस्था का अहम हिस्सा है। भाजपा इसी संदेश को लेकर जनता के बीच पहुंचेगी।
प्रदेश अध्यक्ष ने कांग्रेस की एक रैली का जिक्र करते हुए दावा किया कि उसमें 10 लाख लोगों के जुटने की बात कही गई थी, लेकिन उनके आकलन के मुताबिक इसमें करीब 25 से 30 हजार लोग ही पहुंचे। उन्होंने विपक्ष पर आरोप लगाया कि दिल्ली में सीमित संख्या में लोगों को एकत्र कर देशव्यापी समर्थन का संदेश देने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा की पदयात्रा के जरिए यह संदेश दिया जाएगा कि देश के नागरिक संविधान और संवैधानिक व्यवस्था में विश्वास रखते हैं।
पदयात्रा की तैयारियों को लेकर रविवार को भाजपा के क्षेत्रीय कार्यालय में बैठक आयोजित की गई। इसमें गोरखपुर क्षेत्र के सभी 12 जिलों के पार्टी पदाधिकारी, सांसद और विधायक मौजूद रहे। पंकज चौधरी ने तैयारियों की समीक्षा करते हुए कार्यकर्ताओं को मंडल, बूथ और घर-घर तक पहुंचकर लोगों को अभियान से जोड़ने के निर्देश दिए। प्रदेश महामंत्री एवं यात्रा प्रभारी दिलीप पटेल ने बताया कि गोरखपुर क्षेत्र के सभी 12 जिलों में आयोजन की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। उन्होंने इस पदयात्रा को जनता तक सच्चाई पहुंचाने का अभियान बताया। वहीं, क्षेत्रीय अध्यक्ष विनोद राय ने कहा कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया और निष्पक्ष चुनाव व्यवस्था को लेकर विपक्ष की ओर से उठाए जा रहे सवालों का जवाब इस अभियान के जरिए दिया जाएगा।
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के उस बयान पर भी पंकज चौधरी ने प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने उत्तर प्रदेश में भाजपा की राजनीतिक जमीन नहीं होने की बात कही थी। चौधरी ने कहा कि प्रदेश में किस दल की राजनीतिक स्थिति मजबूत है, इसका फैसला जनता करेगी। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों से जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित किए जाने का उल्लेख किया। साथ ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश की बदली पहचान, कानून-व्यवस्था और आधारभूत ढांचे में हुए कार्यों को गिनाते हुए दावा किया कि भाजपा 2027 के विधानसभा चुनाव में दोबारा सरकार बनाएगी और लगातार तीसरी बार सत्ता में आने का लक्ष्य हासिल करेगी।




