- प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों को दी चेतावनी
- जनप्रतिनिधियों से संवाद कर जनसमस्याओं का प्राथमिकता से करें निस्तारण
- पात्रों को ही मिले सरकारी योजनाओं का लाभ
- दीपावली पर निर्बाध बिजली आपूर्ति के निर्देश
फर्रुखाबाद। जनपद के प्रभारी मंत्री एवं प्रदेश के पर्यटन व संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार फतेहगढ़ में विकास कार्यों और कानून व्यवस्था की समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि खाद की कालाबाजारी, अवैध भंडारण और ओवररेटिंग करने वाले विक्रेताओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। किसानों का शोषण किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। खाद वितरण में अनियमितता मिलने पर संबंधित विक्रेता के साथ जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही भी तय होगी।
बैठक में प्रभारी मंत्री ने कहा कि जिला स्तरीय अधिकारी जनप्रतिनिधियों के साथ लगातार संवाद और समन्वय बनाए रखें। जनप्रतिनिधियों द्वारा उठाई गई जनसमस्याओं का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। सरकार की मंशा है कि विकास योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचे।
बैठक में जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर, जिला पंचायत प्रशासक मोनिका यादव, सदर विधायक सुनील दत्त द्विवेदी, अमृतपुर विधायक सुशील कुमार शाक्य, भोजपुर विधायक नागेंद्र सिंह राठौर और भाजपा जिलाध्यक्ष फतेहचंद्र वर्मा मौजूद रहे। दीपावली के मद्देनजर जिलाधिकारी ने प्रभारी मंत्री को भगवान गणेश और माता लक्ष्मी की प्रतिमा भेंट कर स्वागत किया।
खाद वितरण की समीक्षा करते हुए जयवीर सिंह ने निर्देश दिए कि जनपद की किसी भी सहकारी समिति में खाद का भंडारण शून्य नहीं होना चाहिए। किसानों को उनकी आवश्यकता के अनुसार समय से उर्वरक उपलब्ध कराया जाए। निजी विक्रेताओं के यहां अवैध भंडारण और निर्धारित मूल्य से अधिक कीमत वसूलने की शिकायतों पर तत्काल कार्रवाई की जाए। उन्होंने अधिकारियों को खाद की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखने को कहा।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना की समीक्षा करते हुए मंत्री ने कहा कि योजना का लाभ केवल निर्धारित पात्रता पूरी करने वाले परिवारों को ही दिया जाए। लाभार्थियों के चयन में नियमों का पालन अनिवार्य रूप से किया जाए। फैमिली आईडी योजना में भी तेजी लाने और निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप प्रगति सुधारने के निर्देश दिए।
आगामी दीपावली पर्व को देखते हुए विद्युत विभाग को निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। मंत्री ने कहा कि स्थानीय फॉल्ट और तकनीकी समस्याओं के कारण बिजली बाधित न हो। इसके लिए पहले से आवश्यक तैयारियां पूरी की जाएं और शिकायतों का तत्काल निस्तारण कराया जाए।
लोक निर्माण विभाग को नई सड़कों के निर्माण और क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत में गुणवत्ता का ध्यान रखने के निर्देश दिए गए। निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप कराए जाएं और उनकी नियमित निगरानी हो।
समीक्षा बैठक के दौरान प्रभारी मंत्री और जनप्रतिनिधियों ने विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को चेक, स्वीकृति पत्र, कृषि यंत्र, मिनी किट, नियुक्ति पत्र और आवास की चाबियां वितरित कीं।
दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग की ओर से 5 दिव्यांगजनों को मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल दी गईं। उद्यान विभाग ने 5 लाभार्थियों को चेक और 10 को स्वीकृति पत्र प्रदान किए। कृषि विभाग की ओर से 2 किसानों को कृषि यंत्र और 5 को मिनी किट वितरित की गईं।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को रिवॉल्विंग फंड के चेक दिए गए। समाज कल्याण विभाग की राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना के 5 लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र मिले।
प्रधानमंत्री आवास योजना के 2 लाभार्थियों को नवनिर्मित आवासों की चाबियां सौंपी गईं, जबकि मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के 5 लाभार्थियों को आर्थिक सहायता के चेक प्रदान किए गए।
बैठक में जिला विकास अधिकारी श्याम कुमार तिवारी ने विभिन्न विभागों की योजनाओं और विकास कार्यों की प्रगति का विभागवार ब्यौरा प्रस्तुत किया। प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति सरकारी लाभ से वंचित न रहे। विकास कार्यों में पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित करना अधिकारियों की जिम्मेदारी है।
बैठक में पुलिस अधीक्षक आरती सिंह, मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार गौड़, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व अरुण कुमार सिंह, अपर जिलाधिकारी न्यायिक दिनेश कुमार सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।




