अमृतपुर,

तहसील अमृतपुर में शनिवार को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने अधिकारियों के साथ पहुंचकर फरियादियों की समस्याएं सुनीं। समाधान दिवस में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 102 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें छह शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। शेष शिकायतों को संबंधित विभागों के अधिकारियों को सौंपते हुए समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के निर्देश दिए गए।

समाधान दिवस में सबसे अधिक शिकायतें राजस्व विभाग से संबंधित रहीं। विभागवार प्राप्त शिकायतों में राजस्व विभाग की 53, पुलिस विभाग की 21, विकास विभाग की सात, विद्युत विभाग की दो, खाद्य एवं रसद विभाग की तीन तथा अन्य विभागों की 16 शिकायतें शामिल रहीं। कुल 102 शिकायतों में से छह का निस्तारण किया गया।

इस दौरान नगला हूसा निवासी रामलड़ैते पुत्र रामचरण ने निर्बल आवास पर अवैध कब्जे की शिकायत करते हुए कार्रवाई की मांग की। इसी गांव के मनोज पुत्र टीकमलाल ने चकमार्ग की समस्या को लेकर प्रार्थना पत्र दिया। अशोक कुमार पुत्र रघुनाथ प्रसाद ने आयुष्मान कार्ड में गलत नाम हटवाकर सही नाम दर्ज कराने की मांग उठाई। दुधियामऊ निवासी अरविंद प्रताप पुत्र वीरपाल ने दबंगों द्वारा कब्जाई गई जमीन को कब्जामुक्त कराने की गुहार लगाई।वहीं राजेपुर राठौरी निवासी लाल सिंह पुत्र रसाल सिंह ने कानूनी कार्रवाई कराने, नगला हूसा निवासी कृष्ण मुरारी पुत्र शिवलाल ने 30(2) की रिपोर्ट न लगाए जाने तथा शेराखास निवासी मनोज पुत्र रघुवीर ने यूपीडा के पक्ष में बैनामा कराए जाने के संबंध में प्रार्थना पत्र सौंपा।जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने अधिकारियों की मौजूदगी में शिकायतों की सुनवाई की। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार गौड़, एसडीएम श्वेता साहू, क्षेत्राधिकारी राजेश द्विवेदी, खंड विकास अधिकारी सुनील कुमार जायसवाल, एडीओ पंचायत अजीत पाठक समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।संपूर्ण समाधान दिवस के अवसर पर तहसील परिसर में स्वास्थ्य विभाग की ओर से शिविर भी लगाया गया। चिकित्साधिकारी डॉ. गौरव वर्मा ने मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया और कुल 192 मरीजों को दवाओं का वितरण किया। समाधान दिवस के साथ स्वास्थ्य शिविर लगने से तहसील पहुंचे लोगों को एक ही परिसर में स्वास्थ्य सुविधा का लाभ मिला।