नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली (Delhi) के लुटियंस (Lutyens) इलाके में वाहन पार्क करना नए साल से महंगा पड़ सकता है। नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (NDMC) अपनी सभी 157 पार्किंग साइट्स को स्मार्ट पार्किंग सिस्टम में बदलने की तैयारी कर रही है। इस व्यवस्था के लागू होने के बाद पार्किंग की उपलब्धता की रियल-टाइम जानकारी, ऑनलाइन स्लॉट बुकिंग और डिजिटल पेमेंट जैसी सुविधाएं मिलेंगी।

हालांकि, इसके साथ ही पार्किंग शुल्क में भी बढ़ोतरी होने का अनुमान है। NDMC की प्रोजेक्ट रिपोर्ट के मुताबिक, प्रस्तावित नई दरें मौजूदा दरों के मुकाबले दो से तीन गुना तक हो सकती हैं। वहीं, पार्किंग शुल्क में 40 से 50 प्रतिशत तक बढ़ोतरी का अनुमान जताया गया है। मासिक पार्किंग पास की कीमतें भी बढ़ सकती हैं।

NDMC की योजना लुटियंस दिल्ली की सभी 157 पार्किंग साइट्स को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की है। स्मार्ट पार्किंग सिस्टम के तहत वाहन चालकों को पार्किंग स्थल पर पहुंचने से पहले ही उपलब्ध स्लॉट की जानकारी मिल सकेगी। इससे पार्किंग की जगह तलाशने में लगने वाला समय कम होने और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने में मदद मिलने की उम्मीद है। ऑनलाइन बुकिंग और डिजिटल पेमेंट की सुविधा से पार्किंग शुल्क का भुगतान भी आसान हो सकता है। स्मार्ट पार्किंग व्यवस्था के साथ शुल्क में बढ़ोतरी भी प्रस्तावित है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, पार्किंग दरों में 40 से 50 प्रतिशत तक इजाफा होने का अनुमान है। हालांकि, NDMC की प्रोजेक्ट रिपोर्ट में प्रस्तावित दरों के मौजूदा शुल्क से दो से तीन गुना तक होने की बात भी सामने आई है।

NDMC ने अपनी सभी 157 पार्किंग साइट्स को तीन क्लस्टरों में विभाजित किया है। प्रत्येक क्लस्टर के संचालन और स्मार्ट पार्किंग में बदलाव के लिए निजी ठेकेदार की नियुक्ति की जाएगी।

पहला क्लस्टर: कनॉट प्लेस।

दूसरा क्लस्टर: कनॉट प्लेस का उत्तरी हिस्सा।

तीसरा क्लस्टर: कनॉट प्लेस का दक्षिणी हिस्सा।

इस व्यवस्था के तहत चयनित ठेकेदार को पार्किंग स्थलों का संचालन करने के साथ-साथ उन्हें आधुनिक तकनीक से लैस करने की जिम्मेदारी भी दी जाएगी।

टेंडर प्रक्रिया के तहत तीनों क्लस्टरों के लिए कुल मासिक लाइसेंस फीस 6.40 करोड़ रुपये निर्धारित की गई है। निजी ठेकेदार पार्किंग स्थलों का संचालन और अपग्रेड करने का काम संभालेंगे। NDMC की इस योजना का उद्देश्य पार्किंग प्रबंधन को व्यवस्थित करना और वाहन चालकों को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। हालांकि, नई व्यवस्था लागू होने के बाद वाहन पार्क करने के लिए लोगों को पहले से अधिक शुल्क चुकाना पड़ सकता है।

टेंडर दस्तावेजों के अनुसार, मौजूदा पार्किंग शुल्क में 50 प्रतिशत तक बढ़ोतरी का प्रस्ताव रखा गया है। इससे कनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों में रोजाना वाहन पार्क करने वाले लोगों के खर्च में इजाफा हो सकता है। प्रस्तावित स्मार्ट पार्किंग व्यवस्था के तहत वाहन चालकों को खाली स्लॉट की जानकारी, ऑनलाइन बुकिंग और डिजिटल भुगतान की सुविधा देने की योजना है। नियमित रूप से पार्किंग का इस्तेमाल करने वाले लोगों के लिए मासिक पास की दरों में बदलाव भी महत्वपूर्ण होगा। हालांकि, अलग-अलग पार्किंग स्थलों के लिए अंतिम शुल्क और मासिक पास की नई दरों का निर्धारण होने के बाद ही वास्तविक खर्च स्पष्ट हो सकेगा।