कैबिनेट बैठक में यौन अपराधों के मामलों के त्वरित निपटारे को मंजूरी, 92 GWh ऊर्जा भंडारण क्षमता विकसित होगी; डेटा सिस्टम और महत्वपूर्ण खनिजों की प्रोसेसिंग पर भी बड़ा निर्णय
नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने बुधवार को हुई कैबिनेट बैठक में कई अहम फैसलों पर मुहर लगाई। यौन शोषण और दुष्कर्म से जुड़े मामलों के जल्द निस्तारण के लिए देशभर में 850 फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित करने को मंजूरी दी गई है। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने प्रेस ब्रीफिंग में इन फैसलों की जानकारी देते हुए बताया कि सरकार का उद्देश्य न्यायिक प्रक्रिया को तेज करना और लंबित मामलों के निपटारे में तेजी लाना है।
कैबिनेट ने बिजली भंडारण क्षमता बढ़ाने के लिए 92 गीगावाट-घंटे (GWh) की ग्रिड स्केल एनर्जी स्टोरेज योजना के तहत 14,500 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं। इस योजना में 30 GWh बैटरी आधारित ऊर्जा भंडारण, 60 GWh पंप स्टोरेज परियोजनाएं और 2 GWh नई सोलर तकनीक के लिए निर्धारित किए गए हैं। इससे दिन में उत्पादित सौर ऊर्जा को संग्रहित कर जरूरत के समय इस्तेमाल किया जा सकेगा। साथ ही बिजली ट्रांसमिशन व्यवस्था की क्षमता का बेहतर उपयोग हो सकेगा।
सरकार ने डेटा कलेक्शन सिस्टम को आधुनिक बनाने के लिए 4,371 करोड़ रुपये की योजना को भी मंजूरी दी है। इसके अलावा महत्वपूर्ण खनिजों (क्रिटिकल मिनरल्स) की प्रोसेसिंग को बढ़ावा देने के लिए नई योजना स्वीकृत की गई है। यह योजना पहचान किए गए सभी 24 महत्वपूर्ण खनिजों पर लागू होगी। इसमें खदानों से प्राप्त कच्चे खनिजों के साथ-साथ रीसाइक्लिंग के जरिए मिलने वाले खनिज भी शामिल किए जाएंगे।
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव के अनुसार, ऊर्जा भंडारण योजना से नवीकरणीय ऊर्जा के बेहतर इस्तेमाल को बढ़ावा मिलेगा और बिजली की उपलब्धता को अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा। वहीं, महत्वपूर्ण खनिजों की प्रोसेसिंग से औद्योगिक उत्पादन के लिए जरूरी संसाधनों की उपलब्धता मजबूत करने में मदद मिलेगी। सरकार के इन फैसलों को न्यायिक व्यवस्था, ऊर्जा क्षेत्र, डेटा प्रबंधन और औद्योगिक विकास से जुड़े महत्वपूर्ण कदमों के रूप में देखा जा रहा है।




