- महाराणा प्रताप चौक से स्टेडियम तक चला सफाई अभियान

- गंदगी फैलाने वालों पर लगेगा जुर्माना

- बार-बार नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई

एटा।शहर की स्वच्छता व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए रविवार को जिलाधिकारी एम. अरुन्मोली खुद मैदान में उतर गईं। अधिकारियों के साथ महाराणा प्रताप चौक पहुंचकर उन्होंने अपने हाथों में झाड़ू थामी और सड़क पर फैले कूड़े-कचरे तथा पॉलीथिन को साफ किया। डीएम को खुद सफाई करते देख अधिकारियों और कर्मचारियों ने भी अभियान में भाग लिया।

डीएम ने कासगंज रोड स्थित महाराणा प्रताप चौक पर फैली गंदगी पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि यह एटा शहर का प्रमुख प्रवेश द्वार है। यहां की अव्यवस्था और गंदगी से शहर की छवि प्रभावित होती है। उन्होंने नगर पालिका अधिकारियों को नियमित सफाई के निर्देश देते हुए चौक पर इंटरलॉकिंग, आकर्षक पार्क विकसित करने और वृक्षारोपण की कार्ययोजना तैयार करने को कहा।

इसके बाद जीटी रोड स्थित पंडित गोविंद बल्लभ पंत स्टेडियम के प्रवेश द्वार पर भी डीएम ने झाड़ू लगाकर सफाई अभियान चलाया। उन्होंने प्रमुख मार्गों, पार्कों, खेल मैदानों और सार्वजनिक स्थलों पर नियमित सफाई, कूड़े का समय से उठान और उचित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

डीएम ने स्पष्ट किया कि सार्वजनिक स्थानों पर कूड़ा फेंकने वालों को चिह्नित कर जुर्माना लगाया जाएगा। बार-बार नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। ग्रामीण क्षेत्रों में भी खुले में कूड़ा फेंकने वालों पर निगरानी रखने के निर्देश दिए गए।

गौरतलब है कि शासन ने संचारी रोग नियंत्रण अभियान की अवधि 15 नवंबर 2026 तक बढ़ाई है। इसी के तहत प्रशासन सफाई, जलभराव की रोकथाम, फॉगिंग और एंटी लार्वा छिड़काव पर विशेष ध्यान दे रहा है। डीएम ने कहा कि गंदगी और जलभराव मच्छरों के प्रजनन का कारण बनते हैं। स्वच्छता केवल प्रशासन की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है।

उन्होंने जनपदवासियों से घरों, दुकानों और प्रतिष्ठानों के आसपास सफाई रखने तथा खुले में कूड़ा और पॉलीथिन नहीं फेंकने की अपील की।

अभियान में सीडीओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद मिश्र, सीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद, एडीएम वित्त एवं राजस्व, नगर पालिका अध्यक्ष सुधा गुप्ता, नगर पालिका अधिकारी पंकज गुप्ता, अधिशासी अधिकारी निहाल सिंह सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।