लखनऊ। उत्तराखंड के उत्तरकाशी स्थित केदारताल ट्रैक पर बर्फबारी की चपेट में आकर लापता हुए पर्यटकों के मामले में दुखद खबर सामने आई है। बुधवार सुबह चलाए गए सर्च ऑपरेशन के दौरान तीन और शव बरामद किए गए। इनमें लखनऊ के गायत्रीपुरम की रहने वाली दो सगी बहनें वर्तिका वर्मा और दीपिका वर्मा भी शामिल हैं। दोनों बहनों की मौत की खबर से परिवार और परिचितों में शोक की लहर है।
जानकारी के मुताबिक, केदारताल ट्रैक पर अचानक हुई बर्फबारी के बाद आठ लोग लापता हो गए थे। उनकी तलाश के लिए राहत और बचाव अभियान चलाया जा रहा था। बुधवार सुबह सर्च ऑपरेशन के दौरान तीन और लोगों के शव बरामद हुए। इस हादसे में अब तक छह लोगों की मौत होने की जानकारी सामने आई है।
लखनऊ की रहने वाली वर्तिका वर्मा और दीपिका वर्मा दोनों बहनों को घूमने और ट्रेकिंग का शौक था। वर्तिका सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर थीं, जबकि दीपिका ग्राफिक्स डिजाइनर के रूप में काम करती थीं। दोनों को पहाड़ों की यात्राएं करना और नई जगहों को देखना पसंद था। बताया गया है कि वे इससे पहले नेपाल तक ट्रेकिंग कर चुकी थीं। पहाड़ों के प्रति उनका लगाव ही उन्हें केदारताल की यात्रा पर लेकर गया था।
परिजनों के लिए दोनों बहनों की मौत की खबर बेहद दुखद है। जिन बेटियों को परिवार ने घूमने और रोमांचक यात्रा के लिए विदा किया था, उनके वापस न लौटने की खबर ने सभी को गहरे सदमे में डाल दिया है।
केदारताल ट्रैक पर बर्फबारी के बाद लापता लोगों की तलाश के लिए बचाव दल लगातार अभियान चला रहे हैं। दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र और खराब मौसम के कारण राहत एवं बचाव कार्य चुनौतीपूर्ण बना हुआ है। बुधवार को तीन और शव मिलने के बाद हादसे में मृतकों की संख्या छह हो गई है। शेष लापता लोगों की तलाश के लिए अभियान जारी है।
इस हादसे ने एक बार फिर ऊंचाई वाले हिमालयी क्षेत्रों में ट्रेकिंग के दौरान मौसम की अनिश्चितता और सुरक्षा तैयारियों के महत्व को सामने ला दिया है। पहाड़ी क्षेत्रों में अचानक होने वाली बर्फबारी यात्रियों के लिए गंभीर चुनौती बन सकती है।




